पढ़ें कैसे 74 दिन लड़ी अम्मा लेकिन हार गई जिंदगी से जंग

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timeline of jayalalithaa illness

Last updated : 6 December, 2016 | India

जयललिता सितम्बर के महीने में अस्पताल में भर्ती की गई थीं । रविवार को उनको कार्डिएक अरेस्ट हुआ था और सोमवार सुबह उनकी एंजियोप्लास्टी भी की गई। बुखार और डिहाइड्रेशन होने पर 22 सितंबर को उन्हें चेन्नई के अपोलो अस्पताल में भर्ती किया गया था। कल रात उनका निधन हो गया। उनकी बीमारी का सिलसिलेवार हाल इस प्रकार रहा:

22 सितम्बर 2016 - जयललिता को fever और dehydration की वजह से चेन्नई के अपोलो अस्पताल में भर्ती कराया गया।
 
23 सितम्बर -   अपोलो अस्पताल ने जयललिता का बुखार ठीक होने की बात कही । प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी ने जयललिता के जल्दी ठीक होने के wishesh के साथ बुके भेजा। 
 
27 सितम्बर - AIADMK की तरफ से twitter पर ये जानकारी दी गई थी जयललिता ने अपोलो अस्पताल में ही बैठक बुलाई है ताकि कावेरी विवाद पर चर्चा की जा सके।
 
29 सितम्बर - AIADMK ने अपोलो अस्पताल की एक तस्वीर ट्वीट करके जानकारी दी कि जयललिता की हालत में तेजी से सुधार हो रहा है और उन्हें कुछ और दिनों के लिए observation मे रखा जाएगा।
 
30 सित्मबर - DMK की तरफ से  जयललिता की तबीयत को लेकर सरकार से आधिकारिक बयान की मांग की गई .. DMK ने कहा कि सरकार जयललिता की तस्वीर के साथ उनकी तबीयत की सही जानकारी दे, वहीं AIADMK ने ट्विटर पर ये जानकारी दी कि पुलिस ने जयललिता की तबीयत को लेकर अफवाह फैलाने के आरोप में एक महिला के खिलाफ FIR की है । 
 
1 अक्टूबर - तमिलनाडु के गवर्नर सी विद्यासागर राव ने अस्पताल जाकर जयललिता का हाल जाना।
 
2 अक्टूबर - हॉस्पिटल की तरफ से स्टेटमेंट जारी कर जयललिता के इलाज से जुड़ी जानकारी दी गई । जयललिता का इलाज लंदन से आए डॉ रिचर्ड बेल की देखरेख में किया जा रहा है और जयललिता को हुए इंफेक्शन का इलाज किया जा रहा है।
 
3 अक्टूबर - AIADMK की तरफ से ट्वीट किया गया कि जयललिता की तबीयत में तेजी से सुधार हो रहा है। AIADMK की तरफ से समर्थकों से अपील की गई कि वो अस्पताल में दाखिल ना हों। 
 
6 अक्टूबर - अपोलो अस्पताल ने जयललिता का मेडिकल बुलेटिन जारी कर बताया कि उन्हें respiratory support पर रखा जा रहा है।  nebulisation किया जा रहा है और दवाइयों से lung congestion को कम किया जा रहा है।
 
9 अक्टूबर - विपक्ष के नेता एम के स्टालिन ने अस्पताल पहुंच कर जयललिता की हालत का जायज़ा लिया और कार्यकारी मुख्यमंत्री बनाने की मांग की। 
 
12 अक्टूबर - अस्पताल की तरफ से जानकारी दी गई कि जयललिता अभी काम कर सकने की हालत में नहीं हैं। इसके साथ ही जयललिता के भरोसेमंद ओ पन्नीरसेल्वम को 8 विभागों की जिम्मेदारी सौंप दी गई।
 
13 अक्टूबर - AIADMK ने जयललिता की तबीयत को लेकर उड़ रही अफवाहों को देखते हुए All Is Well नाम से online campaign शुरू किया।
 
20 अक्टूबर - AIADMK की तरफ से बयान जारी किया गया कि पार्टी अध्यक्ष जयललिता अब बिल्कुल ठीक हैं और जल्द ही घर वापस लौटेंगीं 
 
22 अक्टूबर - अस्पताल की तरफ से जयललिता के बारे में जानकारी दी गई कि वो अब आराम से बैठकर बातचीत कर रही हैं।
 
26 अक्टूबर - AIADMK की तरफ से बताया गया कि जयललिता अस्पताल से डिस्चार्ज होने के लिए तैयार हैं।
 
4 नवंबर  - AIADMK की तरफ से बयान जारी किया गया कि उनकी health condition अब पूरी तरह से नियंत्रण में है।
 
16 नवंबर - जयललिता की तरफ से उनके हॉस्पिटल में एडमिट होने के बाद से पहला बयान आया, जयललिता ने अपने समर्थकों का शुक्रिया अदा किया और कहा कि उनकी दुआओं की वजह से ही उनका पुनर्जन्म हुआ है।
 
18 वंनबर - अपोलो अस्पताल के चेयरमैन डॉ प्रताप सी रेड्डी की तरफ से बयान जारी किया गया कि वो सामान्य रूप से सांस ले पा रही हैं और वो जब चाहें उन्हें अस्पताल से छुट्टी दी जा सकती है।
 
20 नवंबर - AIADMK ने एक बार फिर जयललिता समर्थकों को उनके जल्द वापस आने का भरोसा दिलाया।
 
4 दिसंबर - AIIMS से जयललिता के इलाज के लिए चेन्नई पहुंचे डॉक्टरों के पैनल ने ऐलान किया कि जयललिता पूरी तरह से Recover हो गई हैं और बहुत जल्द अस्पताल से डिस्चार्ज कर दी जाएंगी । हालांकि इस ऐलान के महज कुछ घंटों में ही खबर आई कि जयललिता को हार्ट अटैक आया है और उनकी हालत गंभीर है।
 
5दिसंबर-हार्ट अटैक आने के एक दिन बाद पूरे तमिलनाडु में सुरक्षा कड़ी कर दी गई। रात 11.30 बजे जयललिता ने अंतिम सांस ली।

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