पलानीस्वामी बने AIADMK महासचिव, राज्यपाल से मिल सरकार बनाने का दावा पेश

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palanisamy meets tamilnadu governor, claims support of 126 AIADMK MLAs to form govt

Last updated : 14 February, 2017 | Political

तमिलनाडु में आए राजनैतिक घमासान के बीच AIADMK के विधायक दल के नेता चुने गए ईके पलानीस्वामी ने मंगलवार को राज्यपाल विद्यासागर राव से मुलाकात की। साथ ही उन्होंने राज्य में सरकार बनाने का दावा पेश किया। मीडिया रिपोर्ट के मुताबिक, पलानीस्वामी ने AIADMK के 126 विधायकों के समर्थन का दावा किया है।

AIADMK महासचिव शशिकला को आय से अधिक संपत्ति के मामले में दोषी ठहराए जाने के बाद तमिलनाडु में तेजी से राजनीतिक घटनाक्रम बदल रहे हैं। इसी बीच उनके विश्वासपात्र ईके पलानीस्वामी को मंगलवार को पार्टी विधायक दल का नेता चुन लिया गया। इसके कुछ देर बाद ही पलानीस्‍वामी को AIADMK महासचिव भी बना दिया गया। इससे पहले, पलानीस्‍वामी ने आज तमिलनाडु में सरकार बनाने का दावा पेश करते हुए राज्‍यपाल को विधायकों के समर्थन की चिट्ठी भेज दी।

पलानीस्वामी ने कहा कि हमने ‘अम्मा की सरकार’ का गठन करने का दावा करते हुए एक पत्र भेजा है। पलानीस्वामी ने कहा कि हम लोगों ने पत्र भेजकर अम्मा की सरकार बनाने का दावा पेश किया है। इससे पहले शशिकला ने विद्रोही नेता ओ पनीरसेल्वम को पार्टी की प्राथमिक सदस्यता से निलंबित कर दिया।

यह भी पढ़ें: AIADMK से मुझे कोई भी ताकत अलग नहीं कर सकती: शशिकला

सुप्रीम कोर्ट का फैसला

आय से अधिक संपत्ति के मामले में बेंगलुरु की निचली अदालत के फैसले पर उच्चतम न्यायालय की मुहर के साथ मुख्यमंत्री बनने की शशिकला की आशाएं फिलहाल अधूरी रह गई। इसके बाद शशिकला ने एक रिसॉर्ट में एक आपात बैठक बुलाई। जिसके बाद पलानीस्वामी को पार्टी विधायक दल का नेता चुना गया।

कौन हैं पलानीस्वामी

  • शशिकला के विश्वासपात्र समझे जाने वाले पांच बार के विधायक पलानीस्वामी सलेम जिले के कद्दावर नेता हैं।
  • अभी उनके पास राजमार्ग, लोक निर्माण और लघु बंदरगाह विभाग है।
  • वह जयललिता की अगुवाई वाली पूर्ववर्ती सरकार में भी मंत्री थे और उनके पास तब भी यही विभाग था।
  • पलानीस्वामी को अन्नाद्रमुक विधायक दल का नेता चुने जाने पर पनीरसेल्वम खेमे ने कहा कि किसी को किसी के चुनाव का अधिकार नहीं है।

शशिकला की उम्मीद धराशाई

  • अन्नाद्रमुक की प्रमुख वीके शशिकला की तमिलनाडु की मुख्यमंत्री बनने की उम्मीद धाराशाई हो गई है क्योंकि उच्चतम न्यायालय ने भ्रष्टाचार के एक मामले में उनकी दोषसिद्धि को बरकरार रखा है।
  • इस फैसले के चलते अब वह लगभग 10 साल तक चुनाव नहीं लड़ सकेंगी।

कैसे मचा AIADMK में घमासान?

  • दिवंगत मुख्यमंत्री जे जयललिता की करीबी सहयोगी 60 वर्षीय शशिकला और मुख्यमंत्री ओ पनीरसेल्वम के बीच सत्ता को लेकर संघर्ष छिड़ा हुआ था।
  • उच्चतम न्यायालय ने शशिकला को तत्काल आत्मसमर्पण करने का और चार साल की कैद की बची हुई सजा पूरी करने का आदेश सुनाया।
  • शशिकला पहले ही लगभग छह माह जेल में बिता चुकी हैं।
  • जयललिता की संलिप्तता वाले आय से अधिक संपत्ति के इस 19 साल पुराने मामले में फैसले का इंतजार बेसब्री के साथ हो रहा था।
  • राज्य में पिछले 10 दिनों से चल रही राजनीतिक अनिश्चितता पर इस फैसले का प्रभाव पड़ना तय था।
  • अदालत ने बेंगलुरू की निचली अदालत के निष्कर्षों और फैसले को बरकरार रखा, जिसमें शशिकला के दो संबंधियों वीएन सुधाकरन और एलावरासी समेत सभी आरोपियों को दोषी करार दिया गया था।
  • इस फैसले ने शशिकला को रिहाई के दिन से छह साल तक विधायक बनने और फिर मुख्यमंत्री बनने के लिए अयोग्य करार दिया है। जन प्रतिनिधि कानून के प्रावधान के तहत ऐसी व्यवस्था है।

पन्नीरसेल्वम को कितना समर्थन?

  • दूसरी ओर, पन्नीरसेल्वम को समर्थन देने वाले पार्टी सांसदों और विधायकों की संख्या पहले से बढ़ चुकी है।
  • पनीरसेल्वम ने अन्नाद्रमुक विधायकों से मतभेद समाप्त करने, पार्टी को संगठित रखते हुए ‘अम्मा का शासन’ जारी रखने के लिए मिलकर काम करने का अनुरोध किया है।
  • सुप्रीम कोर्ट की तरफ से वीके शशिकला को आय से अधिक संपत्ति के मामले में दोषी करार दिए जाने के बाद तमिलनाडु में सुरक्षा कड़ी कर दी गई है।
  • चेन्नई से लगभग 80 किलोमीटर की दूरी पर स्थित रिजॉर्ट में पुलिस की मौजूदगी खासतौर पर बढ़ा दी गई।
  • शशिकला को समर्थन देने वाले विधायक पिछले कुछ दिनों से यहीं रह रहे हैं।
  • शशिकला खुद भी रात को रिजॉर्ट में ही रुकी थीं। चेन्नई और राज्य के अन्य हिस्सों में पुलिस सड़कों पर अधिक चौकसी बरतते दिखी।

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